vinay samir
मंगलवार, 2 जुलाई 2013
प्यार
प्यार वट-वृक्ष है, इसके साये में समाये जाने कितने ...
कोई प्रीत बनके कोई मीत बनके तो कोई जीवन का संगीत बनके ! - विनय समीर
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